यहाँ जोश हेजलवुड की वापसी और उनकी भविष्य की योजनाओं पर आधारित एक विशेष क्रिकेट रिपोर्ट है:
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# **”मैदान पर फिर मचेगा ‘जोश’!” जोश हेजलवुड की टेस्ट क्रिकेट में धमाकेदार वापसी, स्कॉट बोलैंड के साथ जोड़ी जमाने को बेताब!**
**AUS vs BAN 2026:** ऑस्ट्रेलिया के दिग्गज तेज गेंदबाज जोश हेजलवुड एक बार फिर रेड-बॉल क्रिकेट में कहर बरपाने के लिए तैयार हैं। चोट के कारण लंबे समय तक मैदान से बाहर रहने के बाद, हेजलवुड डार्विन में बांग्लादेश के खिलाफ होने वाली आगामी टेस्ट सीरीज के जरिए अपनी शानदार वापसी करने जा रहे हैं।
### **चोट को मात देकर वापसी को तैयार हेजलवुड**
35 वर्षीय हेजलवुड के लिए पिछला एक साल काफी चुनौतीपूर्ण रहा है। हैमस्ट्रिंग और काफ (पिंडली) की बार-बार उभरने वाली चोटों के कारण वह जुलाई 2025 के बाद से एक भी टेस्ट मैच नहीं खेल सके थे। यहाँ तक कि उन्हें पूरी एशेज सीरीज से भी बाहर बैठना पड़ा था। लेकिन अब यह धाकड़ गेंदबाज पूरी तरह फिट है और मैदान पर आग उगलने के लिए तैयार है।
### **स्कॉट बोलैंड के साथ गेंदबाजी करने की इच्छा**
वापसी से पहले हेजलवुड ने एक दिलचस्प बयान दिया है। उन्होंने कहा कि वह **स्कॉट बोलैंड** के साथ अधिक टेस्ट मैच खेलना चाहते हैं। हेजलवुड ने कहा, *”मुझे स्कॉटी के साथ खेलना पसंद है। हम दोनों की गेंदबाजी में समानताएं हैं, लेकिन फिर भी हमारे पास अलग-अलग विविधताएं हैं। जब भी उन्हें मौका मिला है, उन्होंने अविश्वसनीय प्रदर्शन किया है।”*
हालांकि, स्पिनर नेथन लायन की वापसी के बाद प्लेइंग-XI में जगह बनाना चुनौतीपूर्ण होगा, लेकिन अगले 18 महीनों में ऑस्ट्रेलिया के व्यस्त शेड्यूल (लगभग 20 टेस्ट मैच) को देखते हुए हेजलवुड को उम्मीद है कि उन्हें बोलैंड के साथ जोड़ी जमाने का भरपूर मौका मिलेगा।
### **300 टेस्ट विकेटों के ‘महा-रिकॉर्ड’ पर नजर**
जोश हेजलवुड एक बहुत बड़े व्यक्तिगत कीर्तिमान की दहलीज पर खड़े हैं। उनके नाम फिलहाल **295 टेस्ट विकेट** दर्ज हैं। बांग्लादेश के खिलाफ सीरीज में अगर वह 5 विकेट और झटक लेते हैं, तो वह 300 टेस्ट विकेट लेने वाले गेंदबाजों के एलीट क्लब में शामिल हो जाएंगे। उनका 24.21 का औसत उनकी मारक क्षमता की गवाही देता है।
### **खास ट्रेनिंग और वर्कलोड मैनेजमेंट**
चयनकर्ताओं के अध्यक्ष जॉर्ज बेली और ऑस्ट्रेलियाई मेडिकल स्टाफ ने हेजलवुड की फिटनेस पर कड़ी नजर रखी है। उन्हें पाकिस्तान और बांग्लादेश के सफेद गेंद (White-ball) दौरों से आराम दिया गया था ताकि वह टेस्ट के लिए खुद को तैयार कर सकें।
हेजलवुड ने अपनी तैयारी पर कहा, *”इस बार तैयारी के लिए काफी समय मिला है। मैं नेट्स पर टेस्ट मैच की परिस्थितियों के हिसाब से गेंदबाजी कर रहा हूँ—दिन में कई स्पेल डालना और लगातार दो दिन गेंदबाजी करना। यह ट्रेनिंग डार्विन टेस्ट से पहले मुझे लय में लाने के लिए काफी अहम है।”*
### **ऑस्ट्रेलिया के लिए ‘मिशन ओवरसीज’**
हेजलवुड केवल बांग्लादेश सीरीज पर ही ध्यान नहीं दे रहे हैं, बल्कि उनकी नजरें आने वाले 12-18 महीनों पर हैं। ऑस्ट्रेलिया को आगामी समय में **भारत, दक्षिण अफ्रीका और इंग्लैंड** का दौरा करना है।
उन्होंने अंत में कहा, *”यह ग्रुप लंबे समय से साथ है। हमने अब तक दक्षिण अफ्रीका में सीरीज नहीं जीती है। भारत और इंग्लैंड भी बड़ी चुनौतियां हैं। ये सभी विदेशी दौरे कठिन होने वाले हैं, लेकिन हम इन सभी बॉक्सों को टिक करने और जीत हासिल करने के लिए बेताब हैं।”*
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**निष्कर्ष:** जोश हेजलवुड की वापसी न केवल उनके 300 विकेटों के आंकड़े के लिए महत्वपूर्ण है, बल्कि ऑस्ट्रेलिया की आगामी विश्व टेस्ट चैंपियनशिप (WTC) की राह के लिए भी संजीवनी का काम करेगी। क्रिकेट फैंस अब डार्विन में इस ‘हेजलवुड एक्सप्रेस’ को फिर से दौड़ते देखने का इंतजार कर रहे हैं!
